Ho Mubarak Aa Gaya Hai Haj Ka Mosam Momino Lyrics

 

हो मुबारक आ गया है हज का मौसम मोमिनों
खूब मांगो अब दुआ बा-चश्मे पुरनम मोमिनों

आ गया है, आ गया है हज का मौसम आ गया
आ गया है, आ गया है हज का मौसम आ गया

 

जानिब ए मक्का हुए हैं क़ाफ़िले चलना शुरू
हिजर् के दिन भी अभी ये हो गए ढलना शुरू
सैल-ए-अश्क़ अब जल्द ही ये जायेगा थम मोमिनों

 

हो मुबारक आ गया है हज का मौसम मोमिनो
खूब मांगो अब दुआ बा-चश्मे पुरनम मोमिनों

आ गया है, आ गया है हज का मौसम आ गया
आ गया है, आ गया है हज का मौसम आ गया

 

गूंजती है हर तरफ़ ही बस सदा लब्बैक की
किस क़दर है रूह-परवर ये अदा लब्बैक की
भूल ही जाता है हाजी अपना हर ग़म मोमिनो

 

हो मुबारक आ गया है हज का मौसम मोमिनो
खूब मांगो अब दुआ बा-चश्मे पुरनम मोमिनों

आ गया है, आ गया है हज का मौसम आ गया
आ गया है, आ गया है हज का मौसम आ गया

 

एक दिन आएगा हम भी शहर ए दिलबर देखेंगे
जीते जी अपनी निगाहों से वो मन्ज़र देखेंगे
सामने रौज़े का जल्वा आंखें और हम मोमिनों

 

हो मुबारक आ गया है हज का मौसम मोमिनो
खूब मांगो अब दुआ बा-चश्मे पुरनम मोमिनों

आ गया है, आ गया है हज का मौसम आ गया
आ गया है, आ गया है हज का मौसम आ गया

 

हज हुआ मक़बूल जिसका ख़ुल्द है उसका सिला
धुल गए यूं दाग़ ए इसियां गोया अब पैदा हुआ
मुस्तफ़ा का ऐसा है फ़रमान ए आज़म मोमिनों

 

हो मुबारक आ गया है हज का मौसम मोमिनो
खूब मांगो अब दुआ बा-चश्मे पुरनम मोमिनों

आ गया है, आ गया है हज का मौसम आ गया
आ गया है, आ गया है हज का मौसम आ गया

 

Naat Khwan: Hafiz Amanullah Qazi
Lyrics: Molana Latif-ur-Rehman Lutf

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