रब की रहमत के तलबगार ! चलो ना’त पढ़ें
रब की रहमत के तलबगार ! चलो ना’त पढ़ें रब की रहमत के तलबगार ! चलो, ना’त पढ़ें आ गए सय्यिद-ए-अबरार, चलो, ना’त पढ़ें गर दवा काम नहीं करती तो इक काम करो ठीक हो जाएगा बीमार, चलो, ना’त पढ़ें उन के दीवानें कहेंगे ये ब-रोज़-ए-महशर आ गए सय्यिद-ए-अबरार, चलो, ना’त पढ़ें मुझ से कहती … Read more